
चोपन थाना परिसर में आयोजित थाना समाधान दिवस में जिलाधिकारी चर्चित गौर और पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने जनसुनवाई कर फरियादियों की शिकायतें सुनीं। इस दौरान सबसे अधिक फोकस राजस्व विभाग के लंबित मामलों और अंश निर्धारण की धीमी प्रगति पर रहा। कार्यों में शिथिलता मिलने पर डीएम ने लेखपालों को कड़ी फटकार लगाते हुए मिशन मोड में अंश निर्धारण की प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए। डीएम ने दो टूक कहा कि बहानेबाजी किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं होगी। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि दो लेखपालों पर पहले ही कार्रवाई हो चुकी है, इसलिए बाकी कर्मचारी भी लापरवाही से बचें। उन्होंने कहा कि जितना प्यार से समझाना था समझा दिया गया है, अब भी कार्य में शिथिलता मिली तो कार्रवाई तय मानी जाए। समीक्षा के दौरान औसतन 350 लंबित मामलों पर नाराजगी जताते हुए डीएम ने कहा कि इनमें सौ से अधिक मामले ऐसे हैं जिनका तत्काल निस्तारण किया जा सकता है, लेकिन अनावश्यक रूप से उन्हें लंबित रखा गया है। उन्होंने राजस्व और पुलिस विभाग की संयुक्त टीम को मौके पर जाकर शिकायतों का त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही चकबंदी वाले गांवों में किसी भी नए निर्माण पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के आदेश दिए गए। राजस्व टीम को गांव-गांव पहुंचकर अंश निर्धारण और चकबंदी की प्रक्रिया समयबद्ध ढंग से पूरी करने का निर्देश दिया गया। जिन शिकायतों में आवश्यकता होगी, वहां स्वयं एसडीएम और क्षेत्राधिकारी मौके पर पहुंचकर निस्तारण कराएंगे। थाना समाधान दिवस में कुल सात मामलों का त्वरित समाधान निकला, जबकि अन्य मामलों में शीघ्र निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए। थाना समाधान दिवस कार्यक्रम उपरांत पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा द्वारा थाना परिसर का निरीक्षण कर सभी आवश्यक बिंदुओं पर जांच की गई। इस दौरान परिसर में लंबे समय से खड़ी गाड़ियों को मामले का निस्तारण कर नीलामी प्रक्रिया में लाने का भी निर्देश दिया गया।










